शाजापुर| संत मिलन को चलिए तज माया अभिमान, जो जो पग आगे धरू कोटि यज्ञ समान,, कबीर वाणी के साथ दी गई स्व. भूरी बाई को श्रद्धांजली।

कबीर मिशन समाचार दीपक मालवीय

शाजापुर: ग्राम पिपलौदा(सुनेरा) में स्वर्गीय श्री भूरी बाई मालवीय के श्रद्धांजलि कार्यक्रम में मालवा मालवा के प्रसिद्ध सतगुरु कबीर भजन गायक माखन मेहरा (मालवीय), रामदेव लोकप्रिय भजन गायक रामकरण मालवीय, सदगुरु कबीर भजन सा प्रसिद्ध वायलिन वादक मुकेश मालवीय,सुसनेर के प्रसिद्ध ढोलक वादक प्रवीण बगड़ावत, पेढ़ वादक जगदीश जी गहलोत, मालवा प्रसिद्ध हारमोनियम वादक श्याम प्रजापत, दीपक मालवीय (ढोलक वादक अपना राजगढ) के द्वारा अनेकों प्रकार की भजनों की प्रस्तुति दी गई और जिस प्रकार हम अपने परिवार से प्रेम करते हैं उसी प्रकार सभी जीवो से प्रेम करें।

कबीर भजन के माध्यम से लोगों को समझाया गया कि यह जीवन बहुत ही दुर्लभ है इसे धूम्रपान, शराब आदि चीजों में व्यर्थ ना करें जिस प्रकार हमारी उंगली पर छुरी रखने पर हमें दर्द होता है उसी प्रकार जीवो को मार कर खा ने में उनको भी ऊतनी ही पीड़ा होती है इसलिए, जीवो की रक्षा करें।

मालवा सतगुरु कबीर भजन मंडल द्वारा श्रद्धांजलि कार्यक्रमों में इसी प्रकार की चीजों को समझा जाता है। भजनों के माध्यम से लोगों को आकर्षित किया जाता है और लोगों की मानसिक और शारीरिक प्रतिक्रियाओं को सत्संग की ओर आकर्षित किया जाता है।मानव मात्र को यहां सीख समझाइश दी जाती है कि “बड़े भाग मानुष तन पावा सुर दुर्लभ सब ग्रंथ ही गांवा”