इसकी जांच में HMPV का पता चला। नियमित उपचार के बाद उसे अब छुट्टी दे दी गई है। इसके अलावा आठ महीने का एक बच्चा भी ब्रोन्कोन्यूमोनिया की शिकायत के बाद इसी अस्पताल में भर्ती कराया गया। इसे भी HMPV से पीडित पाया गया। यह शिशु अब ठीक हो रहा है। दोनों पीडि़तों ने या इनके संपर्क में किसी ने भी विदेश यात्रा नहीं की है।
भारत की क्या है तैयारी:::
मंत्रालय ने कहा है कि सभी उपलब्ध निगरानी चैनलों के माध्यम से स्थिति की निगरानी की जा रही है। ICMR पूरे वर्ष HMPV परिसंचरण की निगरानी जारी रखेगा। विश्व स्वास्थ्य संगठन ( WHO ) भी
पहले से ही चीन में स्थिति के बारे में समय-समय पर जानकारी दे रहा है, ताकि चल रहे उपायों के बारे में और जानकारी दी जा सके। भारत श्वसन संबंधी बीमारियों में किसी भी संभावित वृद्धि को संभालने के लिए अच्छी तरह से सुसज्जित है और यदि आवश्यक हो तो सार्वजनिक स्वास्थ्य सेवा तैनात की जा सकती है।
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