टूर पर ले जाने से बच्चों का मानसिक का विकास होता है।

रिपोर्टर योगेश गोविन्दराव तहसील संवाददाता कप्तानगंज

कुशीनगर। विद्यालयों में बच्चों को एड्युकेश्नल टूर ट्रिप पर ले जाया जाता हैं. नियमित शैक्षिक भ्रमण को पाठ्यक्रम का अहम हिस्सा माना गया हैं. किसी खुले स्थल पर स्वच्छ वातावरण के शैक्षिक भ्रमण से नयें अनुभव पाते हैं, इन भ्रमणों के माध्यम से बच्चें इतिहास , विज्ञान शिष्टाचार और बुद्धिजीवी प्रकृति को व्यक्तिगत रूप से समझ पाते हैं साथ ही समूह में रहने ,कार्य करने तथा नायक बनने के गुणों का विकास होता हैं।

बता दे की दुबौली बाजार में स्थित परमानंद इंटर कॉलेज दुबौली बाजार के प्रबंधक राजकुमार कुशवाहा ने अपने विद्यार्थियों को गोरखपुर में स्थित चिड़ियाघर नौका विहार भ्रमण के लिए सुबह 7:00 बजे प्रस्थान किए समय से गोरखपुर पहुंच गए सबसे पहले गोरखनाथ मंदिर परिसर में बच्चों ने भ्रमण किया तभी अन्य जगहों पर बच्चों को घुमाया गया गोरखपुर से वापसी में कुशीनगर बुद्ध भगवान कि नगरी को घुमाया गया।

लोटस टेंपल राम भार स्तूप वहां पर भी नौका विहार में नाव पर घुमाया गया विद्यालय प्रबंधक राजकुमार ने बताया कि हमारे पूर्वज के साथ टूर गाइड एक मेडिकल स्टूडेंट एक महिला जो बच्चियों के प्राइवेट सहयोग के लिए ले जाया गया था नासिर शैलेश तौफीक प्रियांशु दिलशाद इन बच्चों ने उनका काफी लुफ्त उठाएं तथा सही समय पर अपने अपने घर पर बच्चे पहुंच गए।